बजट प्रचार अभियान के तहत जी राम जी योजना पर विशाल चौपाल: ग्रामीण अर्थव्यवस्था में क्रांति और रोजगार के नए द्वार खुलेंगे
रिपोर्ट श्याम आर्य
केंद्र सरकार के बजट प्रचार अभियान के तहत भीमपुर विकासखंड में भाजपा मंडल भीमपुर द्वारा शक्ति केंद्र रातामाटी के पड़ा़रू प्रभुढ़ाना, ग्राम पंचायत सिमोरी के कोठमी तथा विकासखंड के ग्रामीण क्षेत्रों—कासिया, डोक्या, नेवरालौंडू और जामु—में विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन ग्रामीण एक्ट (VBGRAMG) के अंतर्गत ‘जी राम जी योजना’ के प्रचार-प्रसार और कार्यान्वयन को लेकर एक विशाल चौपाल का आयोजन किया गया। सैकड़ों ग्रामीणों ने भारी उत्साह के साथ भाग लिया, जहां आर्थिक उत्थान, रोजगार सृजन और ग्रामीण विकास के नए आयामों पर विस्तृत चर्चा हुई।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि जनपद पंचायत भीमपुर के अध्यक्ष श्री भैय्यालाल ईरपाचे जी तथा विशेष अतिथि भाजपा मंडल अध्यक्ष भीमपुर श्री अनिल उइके जी, प्रदेश कार्यसमिति सदस्य एवं जी राम जी योजना संयोजक श्री सुनील अड़लक जी के सान्निध्य में VB-G RAM G बजट चौपाल संपन्न हुआ। अन्य प्रमुख अतिथियों में S.I.R. मंडल प्रभारी श्री संतोष बड़ोदे जी, सरपंच श्रीमती ललिता धुर्वे (ग्राम पंचायत रातामाटी-प्रभुढ़ाना), भाजपा किसान मोर्चा मंडल महामंत्री श्री सुरेश पाटनकर जी, भाजयुमो मंडल मंत्री श्री चंद्रदीप पाटनकर जी, बूथ अध्यक्ष श्री शत्रुघ्न येवले जी एवं श्री गोपाल बड़ोदे जी, श्री संपत उइके जी, श्री मुकेश परते जी, जनपद सदस्य सविता मीणा भूसुमकर, विनोद वर्टी, सरपंच उती श्री सुभाष धुर्वे, सरपंच घमनिया श्री प्रकाश बारस्कर, पत्रकार बंधु तथा भाजपा के सभी वरिष्ठ कार्यकर्ता एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।’भारत माता की जय’ और ‘जी राम जी’ के उद्घोषों से गूंजा चौपाल ग्रामीणों के बीच योजना की पहुंच मजबूत करने में महत्वपूर्ण साबित हुआ। मुख्य वक्ता श्री सुनील अड़लक ने कहा, “भाजपा सरकार अंतिम छोर पर बसे ग्रामीणों की चिंता करती है। प्रधानमंत्री जी के आदर्शों से प्रेरित ‘जी राम जी योजना’ मनरेगा का उन्नत रूप है, जिसमें अधिक कार्य दिवस, बेहतर मजदूरी और त्वरित भुगतान सुनिश्चित होगा।” उन्होंने योजना के प्रमुख घटकों—सड़क निर्माण, जल संरक्षण, सिंचाई विस्तार, ग्रामीण आवास, वनरोपण और आधारभूत विकास कार्य—पर प्रकाश डालते हुए जोर दिया कि ये गांवों की सूरत बदलेंगे तथा युवाओं-महिलाओं के लिए स्थायी रोजगार पैदा करेंगे। “बेरोजगारी का स्थायी समाधान इसी से होगा,” उन्होंने कहा।कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे जनपद अध्यक्ष श्री भैय्यालाल ईरपाचे ने केंद्र एवं प्रदेश सरकार की कल्याणकारी नीतियों की सराहना की। उन्होंने स्पष्ट किया, “मनरेगा को और प्रभावी बनाने हेतु इसका नाम ‘जी राम जी योजना’ किया गया है। अब 100 के बजाय अधिक कार्य दिवस उपलब्ध होंगे, कार्य त्वरित पूर्ण होंगे तथा ग्राम पंचायत स्तर पर रोजगार कार्ड धारकों को प्राथमिकता मिलेगी। मध्य प्रदेश के हर गांव में 125 दिन का कार्य सुनिश्चित कर ग्रामीणों की आय दोगुनी होगी।” उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे योजना का लाभ उठाएं और गांवों को विकास के नए मानचित्र पर लाएं।
नेवरालौंडू के ग्रामीणों ने रखीं गंभीर शिकायतें
चौपाल का सबसे रोचक हिस्सा ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी रही। नेवरालौंडू के ग्रामीणों ने वन विभाग क्षेत्र में मनरेगा के तहत कार्यरत सैकड़ों मजदूरों की लंबित मजदूरी की शिकायत उठाई। उन्होंने बताया कि जंगल साफ करने, नालियां बनाने और पौधारोपण में कड़ी मेहनत की, लेकिन महीनों से एक रुपया भी नहीं मिला। जिला कलेक्टर को शिकायत दी, पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके अलावा, क्षेत्रीय बिजली विभाग के लाइनमैन और ठेकेदारों द्वारा बिजली पोल-तार लगाने के नाम पर तीन लाख रुपये वसूलने की शिकायत भी सामने आई, जबकि कोई कार्य नहीं हुआ। ग्रामीणों ने भारी नाराजगी जताई। जनपद अध्यक्ष श्री ईरपाचे और मंडल अध्यक्ष श्री उइके ने आश्वासन दिया कि जल्द ही वरिष्ठ अधिकारियों से चर्चा कर शिकायतों का निराकरण किया जाएगा।
यह चौपाल ग्रामीण अर्थव्यवस्था में क्रांति लाने वाली साबित हुई, जहां योजना के माध्यम से रोजगार के नए द्वार खुलने की उम्मीद जगी।







